Sodium Vapour Lamp क्या है? इसकी कार्यप्रणाली(Working) और उपयोग।

Sodium Vapour Lamp क्या है? इसकी कार्यप्रणाली(Working) और उपयोग।

Sodium Vapour Lamp क्या है? इसकी कार्यप्रणाली(Working) और उपयोग।
Sodium Vapour Lamp

Hello दोस्तों, www.Alternating-Current.in में आपका स्वागत है।आज में आपको बताने जा रहा हु की आईटीआई के subject "इलेक्ट्रीशियन" में एक question सोडियम वेपर लैंप क्या होता है,इसकी कार्यपणाली और उपयोग बताने जा रहा हूँ।


सोडियम मैपर लैम्प Sodium Vapour Lamp


Sodium Vapour Lamp me U-आकार की काँच की एक टूयूब होती है जिसके सिरों पर दो आक्साइड आलेपित टंग्स्टन इलैवट्रोड होते हैं। सोडियम वेपर लैंप के ट्यूब में सोडियम धातु के दाने तथा कृ नियोन गैस भरी होती हैं। इस U आकृति वाली ट्यूब के चारों ओर कांच की की एक बाहरी ट्यूब वायु-रहित होती है और दोनों [U-आकृति वाली ट्यूब्स के बीच के स्थान को भी वायु-रहित कर दिया जाता है।
'टूयूब को U-आकर्ति का इसलिए बनाया जाता है की ट्यूब की वास्तविक लम्बाई को कम किया जा सके। sodium Vapour लैंप को  उच्च रिएक्टेन्स वाले ट्रांसफॉर्मर से संयोजित किया जाता है।Sodium Vapour Lamp क्या है? इसकी कार्यप्रणाली(Working) और उपयोग।

कार्य प्रणाली Working:-

सोडियम वेपर लैम्प को एक उच्च रिएक्टेन्स वाले ट्रांसफॉर्मर की सेकण्डरी Winding से जोड़ा जाता है। यह ट्रांसफॉर्मर Starting मे लोड-रहित(बिना लोड का) अवस्था में दोनों इलेक्ट्रोड के बीच लगभग 380 से 450V वोल्टेज विकसित करता है। विकसित उच्च वोल्टेज पर नियोन गैस में इलेक्ट्रॉन-डिस्चार्जिंग प्रक्रिया हो जाती है जिससे सोडियम धातु के ठोस कणों का वाष्पीकरण प्रारम्भ हो जाता है। प्रारम्भ में लैम्प लाल-गुलाबी रंग का प्रकाश उत्सर्जित करता है और सोडियम कणों के वाष्प में परिवर्तित हो जाने तथा सोडियम वाष्प इलेक्ट्रॉन-डिस्चार्जिं  प्रक्रिया प्रारम्भ हो जाने के बाद यह हल्के पीले रंग का तीव्र प्रकाश उत्सर्जित करने लगता है। लैम्प को पूर्ण प्रकाशित होने में 10 से 15 मिनट का समय लगता है। लैम्प के पूर्ण प्रकाशित हो जाने पर उसका लोड घट जाता है और ट्रांसफॉर्मर का रिएक्टेन्स उच्च होने के कारण उसका आउटपुट वोल्टेज घट कर लगभग 110V वोल्ट रह जाता है। ट्रांसफॉर्मर की प्राइमरी बाइण्डिग के समानान्तर क्रम में संयोजित संधारित्र, पॉवर-फैक्टर में पैदा हुई गिरावट की क्षतिपूर्ति करता है। क्योकि इस लैम्प में ऊष्मक प्रकार का फिलामेन्ट प्रयोग नहीं किया जाता, इसीलिए यह कोल्ड कैथोड लो प्रैशर लैंप(Cold cathode Low pressure lamp) नाम से भी जाना जाता है। What is Sodium Vapour Lamp? & Working?

विशेषताएँ:-

Sodium Vapour Lamp 45W,60W,85Wएवं 140W तक वाटेज में बनाए जाते हैं।
Sodium Vapour Lamp 40 से 50 ल्यूमन प्रति वाट तक प्रकाश उत्पन्न करते है।
Sodium Vapour Lamp की कार्यकारी आयु लगभग 3500 कार्य घण्टे होती है।

उपयोग

Sodium Vapour Lamp का उपयोग सड़कों की प्रकाश-व्यवस्था (Street-Lighting) तथा औद्योगिक प्रतिष्ठानो में रात्रि मे सुरक्षा की के लिए प्रकाश-व्यवस्था में किया जाता है।
Sodium Vapour Lamp को क्षेतिज स्थिति में ही प्रयोग किया जाना चाहिए नहीं तो  तरल सोडियम,बूदों के रूप में नली मे नीचे की ओंर एकत्र हो जाएगा और लैम्प का कार्य करना बंद कर देगा हैँ।

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